विद्यालय परिसरों में पंडित जवाहर लाल नेहरू की 136वीं जयंती पर दी गई श्रद्धांजलि
सिद्धबली न्यूज डेस्क
कोटद्वार। एमकेवीएन ऐजुकेशनल ग्रुप के एमकेवीएन सीनियर सेकेंडरी स्कूल कण्वघाटी, एमकेवीएन इंटरनेशनल स्कूल देवीरोड़ एवं एमकेवीएन स्कूल दुर्गापुरी में पंडित जवाहर लाल नेहरू की 136वीं जयंती के उपलक्ष में बाल दिवस पर विभिन्न रंगारंग कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।

एमकेवीएन सीनियर सेकेंडरी स्कूल कण्वघाटी में प्रबंध निदेशक प्रकाश चन्द्र कोठारी, प्रशासनिक निदेशक विपिन जदली, प्रधानाचार्या सुनीता नैथानी ने संयुक्तरूप से दीप प्रज्जवलित एवं पुष्प अर्पित कर पंडित नेहरू को श्रद्धांजलि दी। इस अवसर पर प्रकाश कोठारी जी ने अपने संबोधन में विद्यालय के छात्र-छात्राओं को भारत के प्रथम प्रधानमंत्री पं0 जवाहर लाल नेहरू के विषय में बताया उन्होंने कहा कि, पंडित नेहरू का मानना था कि बच्चे ही वह मिटटी हैं, जिससे भविष्य की इमारत बनती है। उनकी सोच थी कि बच्चों को केवल पढ़ाई ही नहीं, बल्कि स्वतंत्र सोचने और सपने देखने की आजादी भी मिलनी चाहिए। उन्होंने देश की आजादी के उपरांत सशक्त और मजबूत भारत की नीव रखी। वैज्ञानिक संस्थानों और उद्योगों को बढ़ावा देकर आधुनिक भारत के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दिया।

देवीरोड़ स्थित एमकेवीएन इंटरनेशनल स्कूल में भी विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया जिसमें नन्हें मुन्ने बच्चों ने अपनी सांस्कृतिक प्रस्तुतियों द्वारा सबका ध्यान आकृष्ट किया। विद्यालय के छोटे-2 बच्चों ने गढ़वाली और कुमाउँनी गीतों पर लोक नृत्य प्रस्तुत कर सबका मन मोह लिया। इस अवसर पर विद्यालय के कार्यकारी निदेशक मयंक प्रकाश कोठारी ‘भारतीय’ जी ने विद्यार्थियों को बाल दिवस की बधाई दी। साथ ही छात्र-छात्राओं को बताया कि, पंडित नेहरू को बच्चों के प्रति अपार प्यार और स्नेह के लिए भी याद किया जाता है। उन्होेंने कहा कि पंडित नेहरू ने अपने जन्मदिवस को बच्चों के लिए समर्पित कर दिया और इस दिन को बाल दिवस के तौर पर मनाया जाने लगा।

दुर्गापुरी स्थित एमकेवीएन स्कूल में भी बाल दिवस के लिए बच्चों में उत्साह साफ नजर आया नन्हें-मुन्ने बच्चे विभिन्न प्रकार के वेशभूषा पहनकर आये जिसमें उनके द्वारा प्रस्तुत रंगारंग कार्यक्रमों ने सभी को आष्चर्यचकित कर दिया विद्यालय की प्रधानाध्यापिका कविता रावत जी ने बच्चों को बालदिवस की बधाई देते हुए बच्चों को बालदिवस के महत्व को समझाया। उन्होंने कहा कि नेहरू जी ने राष्ट्र निर्माण हेतु बच्चों को ही महत्व दिया इसलिए बच्चे उन्हें प्यार से चाचा नेहरू कहते हैं।
इस अवसर पर शिक्षा निदेशक सिंधु कोठारी, उपनिदेशीका सोनम पंत कोठारी, प्रधानाचार्या ज्योति कुलाश्री, उपप्रधानाचार्या रेखा नेगी, नितिष कुमार, श्रीमती पुष्पा केष्टवाल, ममता नेगी, अतुल बडोला, पुष्कर कुमार, विवेक सती, अशोक जखमोला, आकांक्षा अधिकारी, ऋतु शर्मा, नीता घिल्डियाल, ज्योति, पारूल, प्रेमलता गुसाँई, अंजू रावत, रंजना, मीनाक्षी बड़थ्वाल, पूजा, सुनीता, अनिल सैनी, अंजलि, गीता, स्वाति, राहुल कुमार, अरूण असवाल आदि शिक्षक शिक्षिकाएं मौजूद रहे।